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पर्वतों के निर्माण (Geography Notes - part 06)

पर्वतों के निर्माण  प्रस्तावना "पर्वत हमारी पृथ्वी की सबसे भव्य और प्रभावशाली संरचनाओं में से एक हैं। ये न केवल हमारे भूगोल को तय करते हैं, बल्कि मौसम से लेकर हमारी नदियों तक सब कुछ बदलते हैं। लेकिन इनकी उत्पत्ति के पीछे की कहानी उतनी ही जटिल और दिलचस्प है। इस अध्याय में हम बेहद आसान भाषा में समझेंगे कि प्लेटों के टकराने, ज़मीन के फटने और ज्वालामुखी के विस्फोट से इन पर्वतों का जन्म कैसे होता है।" पर्वतों के निर्माण पर्वतों के निर्माण का मुख्य आधार टेक्टोनिक प्लेटों की गति है। हमारी पृथ्वी का सबसे ऊपरी हिस्सा (स्थलमंडल) कई टुकड़ों में टूटा हुआ है जिन्हें 'टेक्टोनिक प्लेट्स' कहते हैं। ये प्लेटें मेंटल की अर्ध-तरल परत (एस्थेनोस्फीयर) पर बहुत धीमी गति (सालाना 1 से 10 सेमी) से खिसकती रहती हैं। जब ये प्लेटें एक-दूसरे की ओर बढ़ती हैं, दूर जाती हैं या आपस में रगड़ खाती हैं, तो पृथ्वी की भूपर्पटी (Crust) पर भीषण तनाव और दबाव बनता है। इसी हलचल के कारण ज़मीन का हिस्सा या तो ऊपर उठ जाता है या फिर ज्वालामुखी के मैग्मा के जमाव से पहाड़ का रूप ले लेता है। पर्वतों के मुख्य प्रकार पर्...

चम्पावत का इतिहास

 चम्पावत का इतिहास शायद आपको यह बात जानकर हैरानी होगी कि देवभूमि उत्तराखंड की एक अनोखी कलाकृति जिसका निर्माण एक कलाकार ने दाहिना हाथ कट जाने के बाद भी बाएं हाथ से अत्यधिक सुंदर और प्रभावी बनाकर उन सभी नकारात्मक विचारों को तोड़ा है। जो बात बात पर कहते हैं साधन नहीं है, किस्मत के आगे बेबस है, कुछ नहीं कर सकते। जी दोस्तों मैं बात कर रहा हूं उत्तराखंड के ऐतिहासिक धरोहर एक हथिया नौला मंदिर की।                  एक हथिया नौला चंपावत जिले में स्थित है । लोक कथाओं के अनुसार कहा जाता है कि 13वीं सदी में जगन्नाथ मिस्त्री नाम एक प्रसिद्ध शिल्पकार चम्पावत में रहता था। जब चंद राजा विक्रम चंद ने उसकी कला के चर्चे सुने तो उसके मन में एक भव्य मंदिर बनवाने का विचार आया और चंपावत में बालेश्वर महादेव मंदिर का निर्माण कराने का प्रस्ताव रखा। 1272 ईसवी में मंदिर का निर्माण कार्य पूरा हुआ।यह मंदिर कलात्मक दृष्टि से एक अद्भुत नमूना था। मंदिर को सुसज्जित करने के लिए शिव के अलावा चंपादेवी मंदिर, भैरव मंदिर, गणेश मंदिर, रत्नेश्वर मंदिर आदि  बनवाए। चंद राजा...

Ukpsc ARO 2021 practice paper

Ukpsc ARO 2021 practice paper updated test 2021 to 2023 with updated current affairs देवभूमि उत्तराखंड द्वारा ukpsc RO/ARO परीक्षा 2023 के लिए  test series प्रारंभ की गई है। सभी टेस्ट pdf file में उपलब्ध कराए जाएंगे। टेस्ट पीडीएफ फाइल में प्राप्त करने के लिए ₹99 फीस के रूप में सहायता राशि देनी होगी। सभी टेस्ट में बीते वर्षों में हो चुकी लोकसेवा सेवा आयोग के सभी प्रश्न पत्रों के गहन अध्ययन के बाद तैयार किए गए हैं। जिसमें वर्तमान सिलेबस के अनुसार 25% पूर्व परीक्षाओं में आए प्रश्न, 40% अन्य राज्यों में आयोजित समस्त समूह ग के प्रश्न पत्रों और 10% अपटेड करेंट अफेयर्स के संयोजन के साथ तैयार किए गए हैं। और देवभूमि उत्तराखंड की टीम द्वारा अन्तिम 25% प्रश्न एक लम्बे समय से पैटर्न में हुए बदलाव को देखते हुए नये प्रश्न जोड़े गये  हैं । Test series से जुड़ने के लिए संपर्क करें -9568166280 Total - 150 questions     -    time - 2 hours According to syllabus . (1) कैंसर और ट्यूमर के अध्ययन को क्या कहते हैं? (a) आणविक जीव विज्ञान (b) अर्बुद विज्ञान (c) अस्थि विज्ञान (d) सू...