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Uksssc Mock Test 2026

उत्तराखंड समूह ग मॉडल पेपर Uksssc Mock Test - 231 (1) 'स्मृति की रेखाएं' और 'अतीत के चलचित्र' किसकी प्रसिद्ध गद्य रचनाएँ हैं? A. सुमित्रानंदन नंदन पंत  B. गजानन मुक्तबोध C. महादेवी वर्मा D. मन्नू भण्डारी  (2) प्रारूपण है - a) अंतिम दस्तावेज़ जारी करना और प्रिंट के लिए भेजना  b) विचारों को व्यवस्थित रूप देना और संरचना प्रदान करना c) मीडिया को सूचना देना और जनता तक पहुंचाना  d) गोपनीय पत्र लिखना  (3) निम्न को सुमेलित कीजिए        (a) बिजली        (1) सुरभि  (b) यमुना          (2) तरुणी (c) गाय            (3) अर्कजा (d) स्त्री            (4) वितुंडा कूट  :      (a)   (b)    (c)   (d) (A)  3     2      4     1                 (B)  2     3...

Uttarakhand October Current Affairs 2025

Uttarakhand October Current Affairs 2025 

देवभूमि उत्तराखंड द्वारा बेवसाइट पर जनवरी से दिसंबर तक के पिछले 2 वर्ष के करेंट अफेयर्स उपलब्ध कराए जा रहे हैं। जो आगामी परीक्षाओं में पूछे जाने वाले सभी करेंट अफेयर्स को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं। इसके अलावा उत्तराखंड लोवर पीसीएस परीक्षा 2026 में भी 20-22 प्रश्न पूछे जाते हैं। अतः सभी प्रश्नों को ध्यानपूर्वक अवश्य पढ़ें।

उत्तराखंड स्पेशल करेंट अफेयर्स 2025

प्रश्न 1 : देवलेश्वर महादेव मंदिर में बैकुंठ चतुर्दशी मेले की अनूठी विशेषता क्या है?
a) रामलीला का मंचन
b) 'चक्रव्यूह' नाटक का मंचन
c) कृष्ण लीला का प्रदर्शन
d) दुर्गा पूजा

व्याख्या: उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल स्थित गगवाडस घाटी में सिद्धपीठ श्री देवलेश्वर महादेव मंदिर में बैकुंठ चतुर्दशी मेले का आयोजन किया जाता है। हालांकि, प्रसिद्ध बैकुंठ चतुर्दशी मेला मुख्य रूप से श्रीनगर स्थित कमलेश्वर महादेव मंदिर में लगता है, लेकिन इस मंदिर में भी इसका आयोजन होता है। इस मेले की शुरुआत डांग गांव से आने वाली शिव ध्वजा यात्रा से होती है। इस धार्मिक उत्सव की एक अनूठी विशेषता यह है कि यहाँ महाभारत पर आधारित प्रसिद्ध नाटक 'चक्रव्यूह' का मंचन किया जाता है।

उत्तर: b) 'चक्रव्यूह' नाटक का मंचन

प्रश्न 2 : निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
क) जोजोड़ा प्रथा में दुल्हन की बारात दूल्हे के घर जाती है।
ख) यह परंपरा थारु जनजाति में प्रचलित है।

कौन-सा सही है?
a) केवल क
b) केवल ख
c) दोनों
d) कोई नहीं

व्याख्या: जोजोड़ा विवाह प्रथा जौनसार-बाबर क्षेत्र (देहरादून जनपद) में जोजोड़ा नाम की एक अनोखी विवाह परंपरा प्रचलित है। इस प्रथा में आमतौर पर होने वाले विवाहों से विपरीत, दुल्हन (लड़की) की बारात पारंपरिक वाद्य यंत्रों के साथ नाचते-गाते हुए दूल्हे के घर जाती है। शादी की सभी रस्में दूल्हे के घर पर ही पूरी की जाती हैं। यह परंपरा लगभग 50 साल पहले खत्म हो चुकी थी, लेकिन उत्तरकाशी के बंगाल क्षेत्र में इसे फिर से शुरू किया गया है, जिसके कारण यह चर्चा में रही है।

उत्तर: a) केवल क

प्रश्न 3 : उत्तराखंड की पहली हाई एल्टीट्यूड अल्ट्रा मैराथन में महिला वर्ग की विजेता कौन थीं?
a) दिगंबर सिंह
b) मीनाक्षी
c) हर्षवंती बिष्ट
d) प्रतिका रावत

व्याख्या:  उत्तराखंड की पहली हाई एल्टीट्यूड अल्ट्रा मैराथन का आयोजन आदि कैलाश, पिथौरागढ़ क्षेत्र में किया गया था। यह 60 कि.मी. लंबी मैराथन 14,500 फीट की ऊंचाई पर हुई, जिसमें महिला वर्ग में पौड़ी गढ़वाल की मीनाक्षी और पुरुष वर्ग में चमोली के दिगंबर सिंह ने प्रथम स्थान हासिल किया।

इसके अलावा अक्टूबर माह में उत्तराखंड में पहली बार एशियन कैडेट फेंसिंग कप का आयोजन हल्द्वानी के इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय स्टेडियम के मानसखंड हॉल में किया गया था। यह भारत में आयोजित होने वाली पहली अंतर्राष्ट्रीय स्तर की तलवारबाजी प्रतियोगिता थी। इस अंडर-17 प्रतियोगिता में 17 देशों ने भाग लिया, जिसमें भारत ने 16 पदक (5 स्वर्ण, 3 रजत, 8 कांस्य) के साथ प्रथम स्थान प्राप्त किया।

उत्तर: b) मीनाक्षी

प्रश्न 4  : उत्तराखंड में दूसरा कृषि विश्वविद्यालय कहां खोले जाने की घोषणा की गई ?
a) अल्मोड़ा 
b) टिहरी गढ़वाल 
c) चम्पावत 
d) देहरादून 

व्याख्या  : उत्तराखंड का दूसरा कृषि विश्वविद्यालय चंपावत में खोले जाने की घोषणा की गई है। पहला कृषि विश्वविद्यालय पंतनगर में है। 

उत्तर : c) चम्पावत 

प्रश्न 5  : निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
क) त्रिस्तंभी और नौसूत्री रणनीति का लक्ष्य 2030 तक SDGs प्राप्त करना है।
ख) एसडीजी (सतत विकास लक्ष्य) 2030 तक 17 वैश्विक लक्ष्यों पर आधारित है।
ग) एसडीजी लक्ष्यों को सितंबर 2017 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा अपनाया गया था

कौन-सा सही है?
a) केवल क
b) केवल ख
c) क और ख दोनों
d) क, ख और ग सभी 

व्याख्या: मुख्यमंत्री द्वारा घोषित नौ-सूत्रीय नीति उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक नई त्रि-स्तंभ और नौ-सूत्रीय सतत विकास नीति की घोषणा की है। इस नीति का मुख्य उद्देश्य राज्य में अर्थव्यवस्था और पारिस्थितिकी (Economy and Ecology) के बीच संतुलन स्थापित करना है। यह घोषणा दून विश्वविद्यालय, देहरादून में आयोजित इंडियन एसोसिएशन ऑफ सोशल साइंस इंस्टीट्यूशन (IASSI) के 24वें अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन के दौरान की गई। नीति का लक्ष्य वर्ष 2030 तक संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) को प्राप्त करना है।

इसके तीन मुख्य स्तंभ हैं: 
  • समुदाय सशक्तिकरण अभियान, 
  • नवाचार और तकनीकी अभियान, 
  • वित्तीय स्वायत्ता और साक्षरता अभियान।
एसडीजी (सतत विकास लक्ष्य) 2030 तक गरीबी खत्म करने, पृथ्वी की रक्षा करने और सभी के लिए शांति और समृद्धि सुनिश्चित करने के लिए 17 वैश्विक लक्ष्य हैं। इन्हें सितंबर 2015 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा अपनाया गया था।

उत्तर: c) क और ख दोनों

प्रश्न 6 : प्रोफेसर दीवान सिंह रावत को किस पुरस्कार के लिए सम्मानित किया गया?
a) केदार सिंह रावत पर्यावरण पुरस्कार
b) फेलो ऑफ नेशनल एकेडमी पुरस्कार
c) NSS पुरस्कार
d) उत्तराखंड शिल्प रत्न पुरस्कार

व्याख्या: कुमाऊं विश्वविद्यालय के कुलपति, प्रोफेसर दीवान सिंह रावत, को पारकिंसंस रोग के उपचार हेतु दवा विकास पर उनके अग्रणी कार्य के लिए भारतीय राष्ट्रीय विज्ञान अकादमी (INSA) द्वारा फेलो ऑफ नेशनल एकेडमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। 

उत्तर: b) फेलो ऑफ नेशनल एकेडमी पुरस्कार

प्रश्न 7 : हिम तेंदुए की जनगणना के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गलत है?
a) उत्तराखंड में 124 हिम तेंदुए हैं
b) सर्वाधिक संख्या लद्दाख में है
c) कुल संख्या 718 है
d) अंतर्राष्ट्रीय हिम तेंदुआ दिवस 29 अक्टूबर को मनाया जाता है। 

व्याख्या: प्रत्येक वर्ष 23 अक्टूबर को अंतर्राष्ट्रीय हिम तेंदुआ दिवस मनाया जाता है। भारतीय वन्यजीव संस्थान द्वारा जारी डीएनए आधारित हाथी जनगणना रिपोर्ट के अनुसार, देश में कुल 718 हिम तेंदुए पाए गए हैं। इनमें से उत्तराखंड में 124 हिम तेंदुए हैं, जबकि सर्वाधिक संख्या लद्दाख (477) में है। 

उत्तर: d) अंतर्राष्ट्रीय हिम तेंदुआ दिवस 29 अक्टूबर को मनाया जाता है ।

प्रश्न 8 : उत्तराखंड के पहले AIHPC हब की लागत कितनी थी?
a) ₹5 करोड़
b) ₹10 करोड़
c) ₹15 करोड़
d) ₹20 करोड़

व्याख्या : उत्तराखंड का पहला एनवीडिया संचालित एआईएचपीसी हब उत्तराखंड का पहला एनवीडिया संचालित कृत्रिम बुद्धिमत्ता और उच्च प्रदर्शन संगणना केंद्र (AIHPC Hub) ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय, देहरादून में 17 सितंबर 2025 को उद्घाटित किया गया। लगभग ₹10 करोड़ की लागत से निर्मित यह केंद्र स्वास्थ्य सेवा, कृषि, पर्यावरण और स्मार्ट शहरों में अनुसंधान और नवाचार को प्रोत्साहित करेगा। यह सुविधा Apple और Infosys के सहयोग से बनी है। एनआईआरएफ 2025 रैंकिंग में ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय को 48वां स्थान प्राप्त हुआ है, और यह नैक (NAAC) द्वारा ए+ ग्रेड प्राप्त संस्थान है।

उत्तर: b) ₹10 करोड़

प्रश्न 9 : कुमाऊं क्षेत्र की साइबर फॉरेंसिक लैब के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही नहीं है?
a) यह रुद्रपुर में स्थापित हो रही है
b) यह राज्य की पहली लैब है
c) यह FSL के अंतर्गत कार्य करेगी
d) इससे पहले केवल गढ़वाल में उपलब्ध थी

व्याख्या: कुमाऊं क्षेत्र की पहली साइबर फॉरेंसिक लैब कुमाऊं क्षेत्र की पहली साइबर फॉरेंसिक लैब रुद्रपुर (उधम सिंह नगर) में स्थापित की जा रही है, जो फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी (FSL) के अंतर्गत कार्य करेगी। इससे पहले, राज्य में केवल गढ़वाल क्षेत्र (देहरादून) में ही यह सुविधा उपलब्ध थी। इस लैब का उद्देश्य ऑनलाइन धोखाधड़ी, डेटा चोरी और अन्य डिजिटल अपराधों की जांच को तेज और वैज्ञानिक बनाना है, ताकि साइबर अपराधों से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।

उत्तर: b) यह राज्य की पहली लैब है

प्रश्न 10 : निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
क) यूरोपीय इन्वेस्टमेंट बैंक (EIB) ने उत्तराखंड को 191 मिलियन डॉलर (लगभग ₹1695 करोड़) के निवेश को मंजूरी किया।
ख) इस परियोजना का उद्देश्य जल आपूर्ति और सीवरेज प्रणालियों के सुधार करना होगा।

कौन-सा सही है?

a) केवल क
b) केवल ख
c) दोनों
d) कोई नहीं

व्याख्या : यूरोपीय इन्वेस्टमेंट बैंक (EIB) द्वारा वित्तीय सहायता अक्टूबर 2025 में, यूरोपीय इन्वेस्टमेंट बैंक (EIB) ने उत्तराखंड में जल आपूर्ति और सीवरेज प्रणालियों के सुधार के लिए 191 मिलियन डॉलर (लगभग ₹1695 करोड़) के निवेश को मंजूरी दी। इस परियोजना का उद्देश्य पिथौरागढ़, सितारगंज, रुद्रपुर और काशीपुर में जल आपूर्ति और सीवरेज नेटवर्क को मजबूत करना है, जिससे लगभग 9 लाख नागरिकों को स्वच्छ जल और बेहतर स्वच्छता का लाभ मिलेगा।

उत्तर: c) दोनों

प्रश्न 11 : जीबी पंत कृषि विश्वविद्यालय में शुभारंभ की गई नई फसल किस्मों में से कौन-सी शामिल नहीं है?
a) पंत उड़द 13
b) पंत उड़द 14
c) पंत मटर 554
d) पंत चावल 1106

व्याख्या : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा 12 अक्टूबर 2025 को जीबी पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर में आयोजित 118वें अखिल भारतीय किसान मेला और कृषि उद्योग प्रदर्शनी के दौरान नई फसल किस्मों का शुभारंभ किया गया। इन नई किस्मों में पंत उड़द 13, पंत उड़द 14, पंत मटर 554 और पंत जौ 1106 शामिल थीं। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर विश्वविद्यालय द्वारा प्रकाशित पुस्तक 'पंतनगर प्रवाह' का विमोचन भी किया।

उत्तर: d) पंत चावल 1106

प्रश्न 12 : प्रधानमंत्री धनधान्य कृषि योजना के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
a) इसमें 150 आकांक्षी कृषि जिले शामिल हैं
b) उत्तराखंड के दो जिले चमोली और अल्मोड़ा शामिल हैं।
c) इसकी निगरानी पलायन आयोग द्वारा होगी।
d) यह केवल शहरी जिलों पर केंद्रित है

व्याख्या: केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री धनधान्य कृषि योजना के तहत देश भर के 100 जिलों को आकांक्षी कृषि जिले (AAD - Aspirational Agricultural District) घोषित किया गया है, जिनमें उत्तराखंड के दो जिले चमोली और अल्मोड़ा शामिल हैं। इस योजना का लक्ष्य कम कृषि उत्पादकता और पलायन जैसी चुनौतियों का सामना कर रहे जिलों में कृषि विकास को गति देना है। इस योजना की निगरानी नीति आयोग द्वारा की जाएगी।

उत्तर: b) उत्तराखंड के दो जिले चमोली और अल्मोड़ा शामिल हैं।

प्रश्न 13 : उत्तराखंड की पहली नदी जोड़ो परियोजना में कौन-सी नदी को कोसी नदी से जोड़ा जाएगा?
a) गंगा
b) यमुना
c) पिंडर
d) सरस्वती

व्याख्या : उत्तराखंड की पहली प्रस्तावित नदी जोड़ो परियोजना के तहत, पिंडर नदी को कोसी नदी से जोड़ने की योजना है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य वर्षा आधारित कोसी नदी में घटते जल स्तर की समस्या का समाधान करना है। पिंडर एक ग्लेशियर आधारित नदी है जिसमें वर्ष भर जल रहता है, और इसके जल को सुरंग (टनल) के माध्यम से कोसी नदी में मोड़ा जाएगा। कोसी नदी कुमाऊं क्षेत्र और उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में लाखों लोगों के लिए पेयजल और सिंचाई का स्रोत है।

उत्तर: c) पिंडर

प्रश्न 14 : निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
क) उत्तराखंड में हाथियों की संख्या 1792 है।
ख) देश में उत्तराखंड का स्थान पहला है।
ग) यह गणना डीएनए मार्क्स रिकैप्चर तकनीक से की गई।

कौन-सा सही है?
a) केवल क
b) केवल ख
c) क और ग
d) क, ख, और ग सभी 

व्याख्या: भारत की पहली राष्ट्रीय स्तर की डीएनए आधारित हाथी गणना (State of Elephants in India 2021-25 शीर्षक) के अनुसार, उत्तराखंड में हाथियों की कुल संख्या 1792 दर्ज की गई है। यह उत्तर भारत में सर्वाधिक संख्या है और देश में उत्तराखंड का स्थान पांचवा है। यह गणना भारतीय वन्यजीव संस्थान (WII) द्वारा प्रोजेक्ट एलिफेंट के तहत की गई थी, जिसमें पारंपरिक गणना के स्थान पर हाथियों के गोबर से डीएनए मार्क्स रिकैप्चर तकनीक का उपयोग किया गया, जो अधिक वैज्ञानिक और सटीक है।

उत्तर: c) क और ग

प्रश्न 15 : प्रीतिका रावत को NSS पुरस्कार किसके योगदान के लिए मिला?
a) खेल विकास
b) महिला सशक्तिकरण और पर्यावरण संरक्षण
c) कृषि सुधार
d) आईटी नवाचार

व्याख्या: उत्तराखंड के चमोली जिले की मूल निवासी प्रीतिका रावत को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा 'मेरा भारत राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) पुरस्कार' से सम्मानित किया गया है। वह नेताजी सुभाष प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (NSUT), नई दिल्ली की एनएसएस इकाई की स्वयंसेवक हैं। उन्हें यह सम्मान महिला सशक्तिकरण, सामुदायिक स्वास्थ्य, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण जैसे क्षेत्रों में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए दिया गया। एनएसएस का आदर्श वाक्य है: "स्वयं से पहले आप" (Not Me But You)।

उत्तर: b) महिला सशक्तिकरण और पर्यावरण संरक्षण

प्रश्न 16 : टेंट आधारित होमस्टे परियोजना के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
1) यह पिथौरागढ़ के गरब्यांग गांव में शुरू हुई
2) यह ऑपरेशन सद्भावना के तहत है
3) गरब्यांग गाँव आदि कैलाश यात्रा के मार्ग पर स्थित है 
4) यह VVP के साथ जुड़ी है

कौन-सा सही है?
a) केवल 1 और 3
b) केवल 2 और 3
c) केवल 2, 3 और 4
d) 1, 2, 3 और 4 सभी 

व्याख्या: भारतीय सेना ने ऑपरेशन सद्भावना के तहत पिथौरागढ़ जिले के सीमांत गांव गरब्यांग में टेंट आधारित होमस्टे परियोजना का शुभारंभ किया है। इस पहल का उद्देश्य सीमावर्ती क्षेत्रों में पर्यटन को बढ़ावा देना और स्थानीय निवासियों, विशेषकर महिलाओं के लिए आजीविका के अवसर प्रदान करना है। यह परियोजना केंद्र सरकार के वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम (VVP) के साथ जुड़ी हुई है। गरब्यांग गाँव आदि कैलाश यात्रा के मार्ग पर स्थित है और इसे शिवनगरी गुंजी का प्रवेश द्वार भी कहा जाता है।

उत्तर: d) 1, 2, 3 और 4 सभी 

प्रश्न 17: उत्तराखंड एआई इंपैक्ट समिट 2025 की थीम क्या थी?
a) डिजिटल इंडिया
b) हिल्स टू हाईटेक
c) ग्रीन एनर्जी
d) स्मार्ट सिटी

व्याख्या: उत्तराखंड एआई इंपैक्ट समिट 2025 का आयोजन 17 अक्टूबर 2025 को देहरादून में किया गया। इस समिट की थीम "हिल्स टू हाईटेक" थी और इसे इंडिया एआई इंपैक्ट समिट 2026 (जो 19-20 फरवरी 2026 को नई दिल्ली के भारत मंडप में होगा) के लिए एक आधिकारिक प्री-समिट कार्यक्रम के रूप में आयोजित किया गया था। इसका आयोजन उत्तराखंड सरकार के आईटी विभाग और भारत एआई मिशन (MEITY) द्वारा संयुक्त रूप से किया गया।

उत्तर: b) हिल्स टू हाईटेक

प्रश्न 18 : जिला दिव्यांगता पुनर्वास केंद्र (DDRC) के बारे में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गलत है?
a) यह देहरादून के गांधी शताब्दी अस्पताल में शुरू हुआ
b) यह दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2019 से जुड़ा है
c) भारत में 21 प्रकार की दिव्यांगताएँ मान्य हैं
d) इसका उद्देश्य दिव्यांगता प्रमाण पत्र, फिजियोथेरेपी, सहायक उपकरण और फिजियोथेरेपी सेवाएँ प्रदान करता है

व्याख्या: उत्तराखंड का पहला आधुनिक जिला दिव्यांगता पुनर्वास केंद्र (DDRC - District Disability Rehabilitation Center) देहरादून के गांधी शताब्दी अस्पताल में शुरू किया गया है। इसका उद्देश्य दिव्यांगजनों को एक ही स्थान पर व्यापक सेवाएँ, जैसे दिव्यांगता प्रमाण पत्र, फिजियोथेरेपी, सहायक उपकरण और सरकारी कल्याण योजनाओं तक पहुँच प्रदान करना है। दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2016 के तहत भारत में 21 प्रकार की दिव्यांगताओं को मान्यता दी गई है।

उत्तर: b) यह दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2019 से जुड़ा है

प्रश्न 19 : निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
क) डॉ. हर्षवंती बिष्ट को केदार सिंह रावत पर्यावरण पुरस्कार 2025 मिला।
ख) यह पुरस्कार भोज वनों के संरक्षण के लिए दिया गया

कौन-सा सही है?
a) केवल क
b) केवल ख
c) दोनों
d) कोई नहीं

व्याख्या: प्रसिद्ध पर्वतारोही और अर्जुन पुरस्कार से सम्मानित डॉक्टर हर्षवंती बिष्ट को वर्ष 2025 का केदार सिंह रावत पर्यावरण पुरस्कार प्रदान किया गया है। उन्हें यह सम्मान गंगोत्री और गौमुख क्षेत्र में भोज वनों (भोजपत्र) के संरक्षण में उनकी अभूतपूर्व भूमिका के लिए दिया गया है। यह पुरस्कार प्रतिवर्ष चिपको आंदोलन के नायक स्वर्गीय केदार सिंह रावत की स्मृति में प्रदान किया जाता है।

उत्तर: c) दोनों

प्रश्न 20 : ट्रैक ऑफ द ईयर 2025-26 में चमोली जिले का कौन-सा ट्रैक शामिल है?
a) बनकटिया ग्लेशियर
b) चेनावेली
c) गुलाबी कांठा
d) आदि कैलाश

व्याख्या: उत्तराखंड पर्यटन विभाग ने वर्ष 2025-26 के लिए तीन प्रमुख ट्रैकों को ट्रैक ऑफ द ईयर घोषित किया है, जिसका उद्देश्य राज्य में शीतकालीन पर्यटन को बढ़ावा देना है। चयनित तीन ट्रैक हैं: 
  1. बनकटिया ग्लेशियर (पिथौरागढ़) 
  2. चेनावेली (चमोली) 
  3. गुलाबी कांठा (उत्तरकाशी) 
पर्यटन विभाग इन ट्रैकों पर ट्रैकर्स ले जाने वाले पंजीकृत टूर ऑपरेटरों को प्रति ट्रैकर ₹2000 की प्रोत्साहन राशि प्रदान करेगा।

उत्तर: b) चेनावेली

प्रश्न 21 : कनकचोरी (चमोली) से कार्तिक स्वामी मंदिर (रुद्रप्रयाग) तक पैदल ट्रैक मार्ग का नामकरण किसके नाम पर किया गया है 
a) चंद्र कुंवर बर्तवाल
b) प्रीतम भरतवाण 
c) डॉ. योगंबर सिंह भरतवाल 
d) इनमें से कोई नहीं 

व्याख्या: कनकचोरी (चमोली) से कार्तिक स्वामी मंदिर (रुद्रप्रयाग) तक के लगभग 2.5 किमी लंबे पैदल ट्रैक मार्ग का नामकरण प्रसिद्ध साहित्यकार स्वर्गीय डॉ. योगंबर सिंह भरतवाल 'तुंगनाथी' के नाम पर किया गया है। उन्हें यह सम्मान हेमवंत कवि चंद्र कुंवर बर्तवाल शोध संस्थान सोसाइटी की स्थापना और उनके साहित्य को संरक्षित करने में उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए दिया गया है।

उत्तर: c) डॉ. योगंबर सिंह भरतवाल 

प्रश्न 22 : पिथौरागढ़ स्थित लंदन फोर्ट का नाम बदलकर  कर दिया गया है। 
a) सोरगढ़
b) रायगढ़ 
c) सिमलगढ़
d) खैरागढ़ 

व्याख्या : पिथौरागढ़ के सिमलगढ़ दुर्ग का निर्माण गोरखों द्वारा कराया गया था जिसे बाद में अंग्रेजों ने लंदन फोर्ट कर दिया था। वर्तमान सरकार ने लंदन फोर्ट का नाम बदलकर का सोरगढ़ किला कर दिया गया है। बता दें कि पिथौरागढ़ का प्राचीन नाम सोर है। सोर नाम का प्रथम उल्लेख बास्ते अभिलेख में मिलता है। 


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ब्रिटिश कुमाऊं कमिश्नर उत्तराखंड 1815 में गोरखों को पराजित करने के पश्चात उत्तराखंड में ईस्ट इंडिया कंपनी के माध्यम से ब्रिटिश शासन प्रारंभ हुआ। उत्तराखंड में अंग्रेजों की विजय के बाद कुमाऊं पर ब्रिटिश सरकार का शासन स्थापित हो गया और गढ़वाल मंडल को दो भागों में विभाजित किया गया। ब्रिटिश गढ़वाल और टिहरी गढ़वाल। अंग्रेजों ने अलकनंदा नदी का पश्चिमी भू-भाग पर परमार वंश के 55वें शासक सुदर्शन शाह को दे दिया। जहां सुदर्शन शाह ने टिहरी को नई राजधानी बनाकर टिहरी वंश की स्थापना की । वहीं दूसरी तरफ अलकनंदा नदी के पूर्वी भू-भाग पर अंग्रेजों का अधिकार हो गया। जिसे अंग्रेजों ने ब्रिटिश गढ़वाल नाम दिया। उत्तराखंड में ब्रिटिश शासन - 1815 ब्रिटिश सरकार कुमाऊं के भू-राजनीतिक महत्व को देखते हुए 1815 में कुमाऊं पर गैर-विनियमित क्षेत्र के रूप में शासन स्थापित किया अर्थात इस क्षेत्र में बंगाल प्रेसिडेंसी के अधिनियम पूर्ण रुप से लागू नहीं किए गए। कुछ को आंशिक रूप से प्रभावी किया गया तथा लेकिन अधिकांश नियम स्थानीय अधिकारियों को अपनी सुविधानुसार प्रभावी करने की अनुमति दी गई। गैर-विनियमित प्रांतों के जिला प्रमु...

Uttarakhand Current Affairs 2025

उत्तराखंड करेंट अफेयर्स 2025 नवंबर 2025 से अप्रैल 2025 तक जैसा कि आप सभी जानते हैं देवभूमि उत्तराखंड प्रत्येक मा उत्तराखंड के विशेष करंट अफेयर्स उपलब्ध कराता है। किंतु पिछले 6 माह में व्यक्तिगत कारणों के कारण करेंट अफेयर्स उपलब्ध कराने में असमर्थ रहा। अतः उत्तराखंड की सभी आगामी परीक्षाओं को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है कि नवंबर 2024 से अप्रैल 2025 तक के सभी करेंट अफेयर्स चार भागों में विभाजित करके अप्रैल के अन्त तक उपलब्ध कराए जाएंगे। जिसमें उत्तराखंड बजट 2025-26 और भारत का बजट 2025-26 शामिल होगा। अतः सभी करेंट अफेयर्स प्राप्त करने के लिए टेलीग्राम चैनल से अवश्य जुड़े। 956816280 पर संपर्क करें। उत्तराखंड करेंट अफेयर्स (भाग - 01) (1) 38वें राष्ट्रीय खेलों का आयोजन कहां किया गया ? (a) उत्तर प्रदेश  (b) हरियाणा (c) झारखंड  (d) उत्तराखंड व्याख्या :- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 28 जनवरी 2025 को राजीव गाँधी अंतर्राष्ट्रीय स्टेडियम रायपुर देहरादून, उत्तराखंड में 38वें ग्रीष्मकालीन राष्ट्रीय खेलों का उद्घाटन किया। उत्तराखंड पहली बार ग्रीष्मकालीन राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी की और य...

कुणिंद वंश का इतिहास (1500 ईसा पूर्व - 300 ईसवी)

कुणिंद वंश का इतिहास   History of Kunid dynasty   (1500 ईसा पूर्व - 300 ईसवी)  उत्तराखंड का इतिहास उत्तराखंड मूलतः एक घने जंगल और ऊंची ऊंची चोटी वाले पहाड़ों का क्षेत्र था। इसका अधिकांश भाग बिहड़, विरान, जंगलों से भरा हुआ था। इसीलिए यहां किसी स्थाई राज्य के स्थापित होने की स्पष्ट जानकारी नहीं मिलती है। थोड़े बहुत सिक्कों, अभिलेखों व साहित्यक स्रोत के आधार पर इसके प्राचीन इतिहास के सूत्रों को जोड़ा गया है । अर्थात कुणिंद वंश के इतिहास में क्रमबद्धता का अभाव है।               सूत्रों के मुताबिक कुणिंद राजवंश उत्तराखंड में शासन करने वाला प्रथम प्राचीन राजवंश है । जिसका प्रारंभिक समय ॠग्वैदिक काल से माना जाता है। रामायण के किस्किंधा कांड में कुणिंदों की जानकारी मिलती है और विष्णु पुराण में कुणिंद को कुणिंद पल्यकस्य कहा गया है। कुणिंद राजवंश के साक्ष्य के रूप में अभी तक 5 अभिलेख प्राप्त हुए हैं। जिसमें से एक मथुरा और 4 भरहूत से प्राप्त हुए हैं। वर्तमान समय में मथुरा उत्तर प्रदेश में स्थित है। जबकि भरहूत मध्यप्रदेश में है। कुणिंद वंश का ...

उत्तराखंड की जनजातियों से संबंधित प्रश्न (उत्तराखंड प्रश्नोत्तरी -14)

उत्तराखंड प्रश्नोत्तरी -14 उत्तराखंड की प्रमुख जनजातियां वर्ष 1965 में केंद्र सरकार ने जनजातियों की पहचान के लिए लोकर समिति का गठन किया। लोकर समिति की सिफारिश पर 1967 में उत्तराखंड की 5 जनजातियों थारू, जौनसारी, भोटिया, बोक्सा, और राजी को एसटी (ST) का दर्जा मिला । राज्य की मात्र 2 जनजातियों को आदिम जनजाति का दर्जा प्राप्त है । सर्वप्रथम राज्य की राजी जनजाति को आदिम जनजाति का दर्जा मिला। बोक्सा जनजाति को 1981 में आदिम जनजाति का दर्जा प्राप्त हुआ था । राज्य में सर्वाधिक आबादी थारू जनजाति तथा सबसे कम आबादी राज्यों की रहती है। 2011 की जनगणना के अनुसार राज्य की कुल एसटी आबादी 2,91,903 है। जुलाई 2001 से राज्य सेवाओं में अनुसूचित जन जातियों को 4% आरक्षण प्राप्त है। उत्तराखंड की जनजातियों से संबंधित प्रश्न विशेष सूचना :- लेख में दिए गए अधिकांश प्रश्न समूह-ग की पुरानी परीक्षाओं में पूछे गए हैं। और कुछ प्रश्न वर्तमान परीक्षाओं को देखते हुए उत्तराखंड की जनजातियों से संबंधित 25+ प्रश्न तैयार किए गए हैं। जो आगामी परीक्षाओं के लिए महत्वपूर्ण साबित होंगे। बता दें की उत्तराखंड के 40 प्रश्नों में से 2...

महरुढ़ी कस्तूरी मृग अनुसंधान केंद्र

महरुढ़ी कस्तूरी मृग अनुसंधान केंद्र (बागेश्वर) कस्तूरी मृग - उत्तराखंड का राज्य पशु  कस्तूरी मृग के महत्व को देखते हुए उत्तराखंड राज्य सरकार ने कस्तूरी मृगों के संरक्षण के लिए 2001 में राज्य पशु घोषित किया। वर्ष 1972 में कस्तूरी मृग संरक्षण के लिए केदारनाथ वन्य जीव विहार के अंतर्गत कस्तूरी मृग विहार की स्थापना की गई । और वर्ष 1974 में बागेश्वर जनपद में महरूड़ी कस्तूरी मृग अनुसंधान की स्थापना की।                    महरूड़ी कस्तूरी मृग अनुसंधान केन्द्र  यह केंद्र कस्तूरी मृग संरक्षण और अनुसंधान के लिए समर्पित है जो एक लुप्तप्राय प्रजाति है, बागेश्वर जनपद गठन से पूर्व महरूड़ी कस्तूरी मृग अनुसंधान केन्द्र की स्थापना वर्ष 1974 में पिथौरागढ़ जनपद में की गई थी। किन्तु 15 सितंबर 1997 में बागेश्वर जनपद के गठन के पश्चात् वर्तमान में यह केंद्र उत्तराखंड राज्य के बागेश्वर जिले में महरूढ़ी धरमघर नामक स्थान पर स्थित है।                  महरुढ़ी कस्तूरी मृग अनुसंधान केन्द्र  *कुछ पुस्तकों में इसक...